इन्क्लूजन का अनूठा मंच है किलबिल बाल मेला ,18 वे किलबिल बाल मेले में 10 हजार से ज्यादा दिव्यांग व गैर दिव्यांग बच्चे साथ में झूमे

मुकेश वैष्णव/दिव्यांग जगत/अजमेर

अजमेर। राजस्थान महिला कल्याण मण्डल चाचियावास अजमेर के द्वारा संचालित मीनू स्कूल में आयोजित 18वें किलबिल बाल मेले में 10 हजार से ज्यादा दिव्यांग व गैर दिव्यांग बच्चों की चहचाहट से स्कूल प्रांगण गूंज उठा। संस्था निदेशक राकेश कुमार कौशिक ने बताया कि दिव्यांग व गैर दिव्यांग बच्चों को साझा मंच देकर इन्क्लूसिव बाल मेले के माध्यय में समुदाय में जागरूकता लाकर दिव्यांग एवं गैर दिव्यांग के भेद को दूर करने का प्रयास है। किलबिल का उद्घाटन अशोक जी प्रान्तीय प्रचारक राष्टीय सेवक संघ, डॉ. के.जी. कबुई डी.आई.जी. सी.आर.पी.एफ. अजमेर, कर्नल बी.एस. बादल, डॉ. पूर्णिमा पचौरी अधीक्षक जनाना अस्पताल अजमेर, श्याम सुन्दर बिश्नोई अति. पुलिस अधीक्षक एस.ओ.जी. अजमेर, रामचन्द्र जाट उप पुलिस अधीक्षक अजमेर ग्रामीण, बी.एल. मीणा एयरपोर्ट निदेशक किशनगढ़, खेमराज मीणा सहायक प्रबंधक सिविल, अमित जैन अध्यक्ष अहिंसा सेवा मंच, संगीता सामन्त, पूजा गुप्ता आदि ने संयुक्त रूप से किया। अजमेर, ब्यावर और नागैार की 150 स्कूलों के बच्चों एवं स्टाफ तथा समुदाय के लोगों को चैलेजिंग चैलेन्जेज गतिविधियों के माध्यम से विशेष आवश्यकता बाले बच्चे के दैनिक क्रियाकलापों में आने वाली चुनौतियों को महसूस कराते हुए समानुभूति का भाव विकसित कर संवेदनशील बनाने का प्रयास किया गया। सभी ने रोचकता एवं उत्सुकता के साथ गतिविधियों में भाग लेकर दिव्यांगजन की चुनौतियों को समझा और समावेशीकरण का समर्थन किया। संस्था सचिव एवं मुख्यकार्यकारी क्षमा आर. कौशिक ने बताया कि 2006 से शुरू किए गए किलबिल बाल मेले का स्वरूप सभी हितभागियों के सहयोग से आज इन्क्लूजन का अनूठा मंच बन गया है। किलबिल बालमेले में भागीदार बनकर दिव्यांग एवं गैर दिव्यांग बच्चों ने साथ में मंच साझा करते हुए एक से बढ़कर एक नृत्य, प्रस्तुतियॉ दी जिससे पूरा मेला मैदान झूम उठा। फन जोन की गतिविधियों में आनन्दित होते हुए मस्ती के साथ भाग लेते हुए बच्चों ने फूड जोन में विभिन्न व्यंजनों का भी खूब लुफ्त उठाया।
मेले के दौरान संस्था की एक्सेस टू जस्टिस परियोजना की टीम के द्वारा बाल अधिकार और बाल संरक्षण के मुद्दों पर लगाई प्रदर्शनी मुख्य आकर्षण का केन्द्र रही। प्रदर्शनी में संस्था के द्वारा 6 जिलों में किए गए कार्यों के बारे में आकर्षक पोस्टर के माध्यम से जानकारी दी एवं झांकी के माध्यम से बाल यौन शोषण, बालश्रम, बाल तस्करी, बाल विवाह आदि की रोकथाम के लिए संदेश दिया गया। मेले में ईनामी कूपन ड्रा भी रोमांच भरा रहा, प्रथम पुरस्कार वाशिंग मशीन, द्वितीय पुरस्कार में एल.ई.डी. टेलीविजन, तृतीय पुरस्कार स्मार्ट फोन और 500 आकर्षक पुरस्कार ड्रा में अतिथियों और मीनू स्कूल के बच्चों के द्वारा निकाले गए। इनाम जीतने वाले सहभागी खुशी से झूम उठे। सभी पुरस्कार नीरज गुप्ता भूतिया हलवाई प्रतिष्ठान अजमेर के नीरज गुप्ता के द्वारा स्पोन्सर किये गए।
समापन सत्र में नीरज गुप्ता, लक्ष्मी गुप्ता, लिलियन ग्रेस, प्रदेश कार्यकारीणी अध्यक्ष नरेन्द्र मोदी विचार मंच, संदीप गौड. सचिव अम्बे माता ट्रस्ट अजमेर, तरूण रधुवंशी, सुप्रिया रधुवंशी विशाल टायर्स अजमेर, फारूख अहमद बोश कम्पनी प्रतिनिधि, रोजीयम डवलपर्स की अनुभा जैन, समाज सेवी रूपश्री जैन, मनोज जैन, डॉ. अर्पित जैन, डॉ. सीमा मोथा, समर्पित अस्पताल अजमेर, श्याम कृपा हाउसिंग के हेमन्त कुमार तंवर, सुभाष नारवानी, आदि ने शिरकत करते हुए दिव्यांग बच्चों के विकास के लिए किलबिल को बहुत महत्वपूर्ण बताया। संस्था टीम के तरूण शर्मा, अनुराग सक्सेना, नेमीचन्द वैष्णव, नानूलाल प्रजापति, भगवान सहाय शर्मा, रण सिंह चीता, ईश्वर शर्मा, भंवर सिंह गौड़, पदमा चौहान, लक्ष्मण सिंह, दिनेश शर्मा, करूणा शर्मा, सीमा मालोदिया, सत्तार मोहम्मद, सरोज शर्मा आदि ने मेला प्रबंधन एवं व्यवस्थापन किया। मंच संचालन उपनिदेशक नानूलाल प्रजापति ने किया। संस्था की सागर कॉलेज, मीनू स्कूल, संजय स्कूल, अद्वैत व उम्मीद केन्द्र, सी.बी.आर. कार्यक्रम, आजीविका संवर्धन, बाल अधिकार व बाल संरक्षण कार्यक्रम अजमेर, नागौर, डीडवाना-कुचामन, बीकानेर, चुरू एवं झुन्झुनु टीमों ने शिरकत करते हुए सहयोग किया। संस्था सचिव एवं मुख्यकार्यकारी क्षमा आर. कौशिक तथा निदेशक राकेश कुमार कौशिक ने सभी सहयोगियों एवं हितभागियों का स्मृति चिन्ह देकर आभार प्रकट किया तथा किलबिल एवं संस्था की जानकारी देते हुए मेले की गतिविधियों का अवलोकन करवाया।

Author: admin