बरसात ने किसानों की मेहनत पर फेरा पानी, कटी कटाई फसल खराब
बरसात ने किसानों की मेहनत पर फेरा पानी, कटी कटाई फसल खराब
मुकेश वैष्णव/दिव्यांग जगत/अजमेर
अजमेर । नसीराबाद के पास मोड़ी गांव में शनिवार को हुई बरसात ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। पकी पकाई फसल खेत व खलिहानों में ही खराब हो गई। मानो कुदरत ने किसान के मुंह में आया निवाला छीन लिया है।
मोड़ी गांव के हरीराम जाट ने बताया कि “बारिश से ज्वार, बाजरा, तिल, मूंग व उड़द प्रमुख फसलें है। इन दिनों हर तरफ खरीफ की फसलें पक चुकी हैं। ज्यादातर किसानों ने फसल काट कर खेतों में रखी हुई है। अभी बाजरे की छंटाई चल रही थी। तिल को सुखाने के लिए झोला ( ढेरी ) लगा रखे है। मूंग व उड़द भी सूखने के लिए ज्यों की त्यों खेतों में पड़े हैं। किसान मेहनत कर पकी फसल को तैयार करने के लिए परिवार के साथ रात दिन खेतो में डेरा डाले हैं। इस बीच बेमौसम बरसी बरसात कहर बनकर किसानों के अरमानों पर टूट पड़ी।”
किसान हरीराम जाट ने बताया कि, “बारिश से चारे और फसल में काफी नुकसान हुआ है। ज्वार में पानी भर गया है। मूंग, उड़द व मक्का में भी नुकसान है।” मोड़ी गांव हरीराम जाट के बताते हैं कि, “कुदरत के सामने सब बेबस हैं। सरकार से यही उम्मीद है कि फसल खराबे का ईमानदारी से आकलन कर पीड़ित किसानों के मेहनत व लागत का मुआवजा दें।”


