गांधीबड़ी में राबामावि को महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम में परिवर्तित करने के विरोध में चल रहा ग्रामीणों का धरना अर्द्ध वार्षिक परीक्षा तक स्थगित
गांधीबड़ी में राबामावि को महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम में परिवर्तित करने के विरोध में चल रहा ग्रामीणों का धरना अर्द्ध वार्षिक परीक्षा तक स्थगित
-नियामत जमाला-
भादरा, 10 नवंबर /गांधी बड़ी में राजकीय बालिका माध्यमिक विद्यालय को महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम विद्यालय में परिवर्तित करने से नाराज ग्रामीणों का विद्यालय के आगे चल रहा धरना बुधवार को 36वें दिन ग्रामीणों ने अधिकारियों से बातचीत के बाद बालिकाओं की अर्द्ध वार्षिक परीक्षा तक स्थगित कर दिया है। ग्रामीणों के धरना पर बुधवार को भादरा तहसीलदार जय कौशिक, भिरानी थाना अधिकारी सुखराम चोटिया, ब्लॉक मुख्य शिक्षा अधिकारी ओमपाल सिंह पहुंचे व ग्रामीणों से बात कर समझाईश की। बातचीत में बालिकाओं की अर्द्ध वार्षिक परीक्षा को मध्यनजर रखते हुए ग्रामीणों ने धरना को स्थगित करने का फैसला लिया ताकि बालिकाओं की पढ़ाई बाधित ना हो। ग्रामीणों ने अर्द्ध परीक्षा के कारण धरना स्थगित किया है तथा कहा है कि हमारी मांग नहीं मानी गयी तो अर्द्ध वार्षिक परीक्षा के बाद धरना जारी रखेंगे। इस दौरान ग्रामीणों ने अपनी मांग का ज्ञापन भी दिया। जिस पर अधिकारियों ने पुनः सरकार के समक्ष ग्रामवासियों की मांग के अनरूप प्रस्ताव देने व सरकार के समक्ष बात रखने को लेकर ग्रामवासियों को आश्वस्त किया। इस मौके पर पूर्व विधायक संजीव बेनीवाल, भाजयुमो के जिला महामंत्री रवि बंसल, ब्लॉक सदस्य करन बेनीवाल,छज्जू राम छिम्पा, जय किशन बेनीवाल, कृष्ण भाम्भी,भागू राम महेरिया, रामेश्वर बेनीवाल, मानसिंह नेंण,बलराज बादी, भागीरथ ढाका, हवासिंह महेरिया, अनिल महेरिया दोला छिम्पा,सुभाष छिम्पा, शुभे सिंह बेनीवाल, अर्जुन बेनीवाल, करण सिंह, जसवंत डेलू, प्रकाश बुरडक, फतेसिंह छिम्पा, लक्ष्मी नारायण छिम्पा, नरेश कुमार, रोहताश सोनी, भीम सिंंह कड़वासरा, राजेन्द्र नेंण, नरेश नेंण, अमन शर्मा, दयाराम सहारण, काशी ,ओम कस्वां,कृष्ण छिम्पा,रावताराम पूनियां,सुभाष छिम्पा, काशी सिधु, राकेश जोगी, जसवंत डेलू, तोमेष बंसल, रुपा राम नेंण,अर्जन गुर्जर समेत अन्य ग्रामीण मौजूद थे। विदित रहे कि ग्रामीण राबामावि को यथावत रखने व महात्मा ग्रामीण अंग्रेजी माध्यम विद्यालय को गांव के बंद कर दिए गए बालिका विद्यालय में खोलने की मांग को लेकर धरना दे रहे थे।

