बेटी पीहर में,पंचों ने किया समाज से बाहर,पिता ने खाया जहर
Bilara: जोधपुर के बिलाड़ा विधानसभा में जातीय पंचों के फरमान से परेशान होकर आत्महत्या का प्रयास किया. जहर सेवन से घायल हुए मूलाराम प्रजापत को एमजीएच में भर्ती करवाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है.
मूलाराम की हालात सामान्य बताई जा रही है. फिलहाल पीड़ित परिवार की रिपोर्ट पर पीपाड़ थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर मामले की जांच शुरू की है.
जोधपुर जिले के गुजरावास गांव निवासी मूलाराम प्रजापत की लड़की राजेश्वसरी की साल 2003 में खारिया अनावास निवासी युवक से हुई थी. इसके बाद पति पत्नी में अनबन के चलते वह साल 2011 में पीहर आ गई. अपने पिता के साथ रहने लगी. यह बात समाज के पंचों के बीच पहुंची फिर तभी से जातीय पंच परिवार पर दबाव बनाने लगे. पीड़ित परिवार की माने तो खर्च के नाम पर पहले पंचों ने उनसे 5 लाख रुपये जुर्माना लिया. इसके बाद लड़की के ससुराल पक्ष के लोगों से भी करीब 12 लाख का जुर्माना ले लिया.
इसके बाद समाज से बहिष्कृत कर दिया लेकिन हाल ही में बिनावास गांव में जातीय पंचायत हुई, जहां जातीय पंचों ने उसके पिता मूलाराम को बुलाकर जूते रखने की जगह पर बिठाया. उन्हें समाज में शामिल करने के लिए 25 लाख के जुर्माने की मांग की. इसके बाद मूलाराम तनाव में आ गया. कल शाम को उसने घर मे ही जहर का सेवन कर जान देने का प्रयास किया. घर के लोग उसे एमजीएच लेकर आये, जहां उसका इलाज चल रहा हैं. फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हैं.

