नंद घर के रूप में विकसित किया जाए-मुख्य सचिव
चयनित आंगनबाड़ी केंद्रों को समयबद्ध
नंद घर के रूप में विकसित किया जाए-मुख्य सचिव
मुकेश वैष्णव/दिव्यांग जगत/अजमेर
अजमेर । मुख्य सचिव जयपुर श्रीमती उषा शर्मा ने नंद घर योजना के तहत 25 हजार आंगनबाड़ी केन्द्रों को समयबद्व नंद घर के रूप में विकसित करने की बात कही।
श्रीमती शर्मा गुरुवार को शासन सचिवालय में नंद घर योजना की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रही थी । उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत द्वारा बजट घोषणा 2021-22 की पालना में 25 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों को नंद घर के रूप में विकसित करने की घोषणा की थी । उन्होंने कहा कि योजना के तहत चयनित आंगनबाड़ी केंद्रों में भवन अपग्रेडेशन, ई लर्निंग सामग्री के वितरण के लिए एलईडी प्रोजेक्टर, पानी का शुद्धिकरण यंत्र सहित विभिन्न कार्य सुनिश्चित किऐ जाऐगी जानकारी दी । उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए की योजना के बेहतर क्रियान्वयन के संबंध में स्टेट कोऑर्डिनेट कमेटी भी बनाई जाए । उन्होंने कहा कि नंद घर योजना राज्य सरकार की प्राथमिकता है तथा जिला कलेक्टर द्वारा भी चयनित आंगनवाड़ी केंद्रों में पानी, बिजली, इंटरनेट कनेक्शन सहित विभिन्न कार्य किये जाऐगे । महिला एवं बाल विकास के सचिव श्री दिनेश कुमार यादव ने बताया की बजट घोषणा 2021-22 की पालना में 25 हजार आंगनबाड़ी केंद्रों को नंद घर के रूप में विकसित करने के लिए राज्य सरकार तथा वेदांता लिमिटेड के मध्य 8 फरवरी 2022 को एमओयू किया गया था । उन्होंने बताया कि विभागीय भवनों, सरकारी भवनों तथा अन्य सामुदायिक भवनों में संचालित 32 हजार 507 आंगनबाड़ी केंद्रों में से 26 हजार 6 को नंद घर के रूप में विकसित किया जाना प्रस्तावित है।
बैठक में अनिल अग्रवाल , फाउंडेशन के सीईओ श्री भास्कर चटर्जी, कंस्ट्रक्शन हेड श्री आनंद गुप्ता तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी मौजूद थे।

